दोषी होने पर मेजर गोगोई पर सख्त कर्रवाईः सेना प्रमुख

26 May 2018 13:39:24


 

मुकेश कुमार सिंह

होटल में एक महिला को ले जाने को लेकर विवादों में घिरे मेजर लीतुल गोगोई पर सेना सख्त हो गई है। सेना ने इस मामले में मेजर गोगोई पर सख्त रुख अख्तियार करते हुए कोर्ट आफ इनक्वायरी बैठा दी है। सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने कहा कि अगर मेजर गोगोई ने कोई गलत काम किया है तो उन्हें उचित दंड दिया जाएगा जो एक उदाहरण होगा। उन्होंने कहा कि सेना में कोई भी किसी भी रैंक का व्यक्ति गलत पाया जाता है तो उस पर उचित कार्रवाई की जाएगी।

बता दें कि मेजर गोगोई का बुधवार को होटल में एक महिला संग घुसने से रोकने पर विवाद हो गया। होटलकर्मियों ने पुलिस बुलाई जिसके बाद पुलिस मेजर लीतुल गोगोई को हिरासत में लेकर पूछताछ किया। मजिस्ट्रेट के सामने मेजर और महिला का बयान दर्ज किया गया, उसके बाद दोनों को छोड़ दिया गया। इस मामले का पुलिस जांच जारी है। इस बीच सेना भी ने कोर्ट आफ इनक्वायरी बैठा दिया है।

इससे पहले सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत सुरक्षा का जायजा लेने के लिए घाटी का दौरा किया। सेना के प्रवक्ता कर्नल राजेश कालिया ने कहा कि सेना प्रमुख ने चिनार कार्प्स के कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल ए के भट्ट के साथ फॉर्मेशन मुख्यालय का दौरा किया जहां पर उन्होंने अधिकारियों और जवानों से जमीनी हालात को समझा।

 

कौन है मेजर लीतुल गोगोई


मेजर गोगोई असम के अहोम समुदाय से है जो अत्यन्त बहादुर, निडर और स्वाभिमानी समुदाय है। वे भारतीय सेना के 53 राष्ट्रीय रायफल्स में मेजर के पद पर जम्मू कश्मीर में तैनात है। उन्होंने पिछले साल 9 अप्रैल को श्रीनगर लोकसभा सीट पर हुए उपचुनाव के दौरान आईटीबीपी और पोलिंग पार्टी को 1200 पत्थरबाजों से घिरे होने से बचाया था। मेजर गोगोई पत्थरबाज फारूक अहमद डार को अपनी जीप के बोनट पर बांधकर मानव ढाल के तौर पर इस्तेमाल कर अपने जवानों और पोलिंग पार्टी के लोगों को बचाया था। अपने सैनिकों की जान बचाने के लिए उन्हें सेना प्रमुख के प्रशस्ति पत्र “चीफ ऑफ आर्मी कमेंडेशन कार्ड” से सम्मानित किया। उनके बहादुरी और विवेकपूर्ण काम के लिए लोगों ने काफी सराहना की थी।

JKN Twitter